मुंबई: स्तन कैंसर से जंग जीत चुकीं अभिनेत्री छवि मित्तल को एक बार फिर अस्पताल का रुख करना पड़ा है। कैंसर के इलाज के बाद चल रही दवा टामोक्सिफेन के दुष्प्रभावों के चलते उनके गर्भाशय में मौजूद फाइब्रॉयड तेजी से बढ़ गया, जिसके बाद उन्हें सर्जरी करानी पड़ी। अभिनेत्री ने अस्पताल से अपनी हालत का वीडियो साझा कर प्रशंसकों को स्वास्थ्य संबंधी जानकारी दी है। राहत की बात यह है कि फाइब्रॉयड और गर्भाशय की जांच की रिपोर्ट सामान्य आई है।
सर्जरी के बाद अस्पताल से छवि ने साझा किया हाल
छवि मित्तल ने हाल ही में सामाजिक माध्यम पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें वह अस्पताल के बिस्तर पर नजर आईं। सर्जरी के बाद वह शारीरिक परेशानी से जूझ रही हैं और धीरे-धीरे स्वस्थ हो रही हैं। अभिनेत्री के मुताबिक डॉक्टरों ने गर्भाशय के फाइब्रॉयड के साथ-साथ उनकी ओवरी में मौजूद डर्मोइड सिस्ट को भी सफलतापूर्वक निकाल दिया है। उन्होंने बताया कि फाइब्रॉयड और गर्भाशय की बायोप्सी रिपोर्ट सामान्य आई है और किसी गंभीर संक्रमण या कैंसर के संकेत नहीं मिले हैं। हालांकि दूरबीन से की गई सर्जरी के दौरान पेट में कार्बन डाइऑक्साइड गैस भरने के कारण फिलहाल उन्हें सूजन और असहजता का सामना करना पड़ रहा है।
बार-बार अस्पताल पहुंचने से परेशान हैं अभिनेत्री
कैंसर से उबरने के बाद दोबारा सर्जरी की नौबत आने से छवि मित्तल मानसिक रूप से भी परेशान हैं। उन्होंने बताया कि जब उन्हें लगता है कि अब सब कुछ ठीक हो चुका है और वह अपनी जिंदगी को फिर से सामान्य करने की कोशिश करती हैं, तभी कोई नई स्वास्थ्य समस्या सामने आ जाती है। अभिनेत्री ने साफ किया कि उन्हें इस स्थिति से डर नहीं लगता, लेकिन बार-बार शुरुआत से सब कुछ झेलना पड़ने की वजह से झुंझलाहट जरूर होती है। उन्होंने अपने प्रशंसकों और उन महिलाओं का भी आभार जताया, जो लगातार उनके लिए प्रार्थना और शुभकामनाएं करती हैं।
टामोक्सिफेन के बाद तेजी से बढ़ा फाइब्रॉयड
छवि मित्तल ने बताया कि स्तन कैंसर के उपचार के बाद उन्हें टामोक्सिफेन दवा दी गई थी। उनके अनुसार शुरुआत में उन्हें बताया गया था कि इस दवा के बड़े दुष्प्रभाव नहीं होंगे। हालांकि समय के साथ उन्हें मनोदशा में बदलाव और हड्डियों की घनत्व में कमी जैसी परेशानियों का सामना करना पड़ा। इसके बाद गर्भाशय में मौजूद फाइब्रॉयड तेजी से बढ़ने लगा। अभिनेत्री के मुताबिक करीब 20 साल पहले उनके गर्भाशय में यह फाइब्रॉयड केवल 1.25 सेंटीमीटर का था, लेकिन बाद में इसका आकार बढ़कर 7.2 सेंटीमीटर हो गया।
अत्यधिक रक्तस्राव और दर्द ने बढ़ाई परेशानी
फाइब्रॉयड के बढ़ते आकार के साथ छवि की परेशानियां भी बढ़ती चली गईं। उन्हें मासिक धर्म के दौरान तेज दर्द और अत्यधिक रक्तस्राव का सामना करना पड़ रहा था। स्थिति इतनी गंभीर हो गई थी कि उन्हें दिन में कई बार टैम्पोन, पैड और पीरियड पैंटी बदलनी पड़ती थी। इसका सीधा असर उनके रोजमर्रा के कामकाज पर भी पड़ रहा था। बढ़ा हुआ फाइब्रॉयड उनके मूत्राशय और आंतों पर दबाव डाल रहा था, जिसके कारण पेशाब और पाचन से जुड़ी समस्याएं भी होने लगी थीं।
दुष्प्रभाव पता होने पर भी दवा लेतीं छवि
छवि मित्तल ने अपनी स्थिति के बारे में बात करते हुए कहा कि भले ही टामोक्सिफेन के कारण उन्हें दोबारा सर्जरी से गुजरना पड़ा, लेकिन अगर उन्हें इसके संभावित दुष्प्रभावों के बारे में पहले से पता होता, तब भी वह यह दवा लेतीं। उनके मुताबिक स्तन कैंसर से बचाव में दवा के फायदे उनके लिए इसके दुष्प्रभावों से कहीं ज्यादा महत्वपूर्ण हैं। फिलहाल अभिनेत्री अस्पताल में हैं और सर्जरी के बाद स्वास्थ्य लाभ ले रही हैं।
